PM Modi Showcases Strong Local Connect with Uttarakhand at Expressway Inauguration
- चिर परिचित अंदाज में फिर प्रकट किया उत्तराखंड प्रेम
- पहाड़ी बोली-भाषा के शब्दों को दी अपने भाषण में जगह
- मां डाट काली से लेकर पंच बदरी-केदार तक का जिक्र
- मुख्यमंत्री को बताया-लोकप्रिय, कर्मठ और युवा मुख्यमंत्री
देहरादून@ Rashtriy Vichar।
सिर पर पारंपरिक ब्रहमकमल टोपी, भाषण में गढ़वाली-कुमाऊंनी के आत्मीय शब्द और उत्तराखंड के प्रति स्पष्ट संवेदनशीलता, इन तीनों ने मिलकर कार्यक्रम को खास बना दिया। मंगलवार को दिल्ली-दून एक्सप्रेस-वे के उद्घाटन के मौके पर अपने चिर-परिचित अंदाज में प्रधानमंत्री ने यह फिर साबित किया कि उत्तराखंड की प्रगति से उनका गहरा नाता है।
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन की शुरुआत “भुला-भुलियों”, “सयाणा”, “आमा”, “बाबा” जैसे पहाड़ी शब्दों से कर स्थानीय लोगों के साथ सीधा भावनात्मक संवाद स्थापित किया। उनकी भाषा शैली में अपनापन झलकता रहा, जिसने वहां मौजूद हर व्यक्ति को खुद से जुड़ा महसूस कराया।
उन्होंने एक्सप्रेस-वे निर्माण में मां डाटकाली मंदिर के आशीर्वाद का विशेष उल्लेख करते हुए कहा कि देहरादून पर मां डाटकाली की विशेष कृपा रही है। साथ ही, उत्तर प्रदेश से सटे क्षेत्र में स्थित संतला माता मंदिर का स्मरण कर क्षेत्रीय आस्था को भी सम्मान दिया।
प्रधानमंत्री ने हरिद्वार कुंभ, नंदा राजजात, पंच बदरी, पंच केदार और पंच प्रयाग जैसे धार्मिक और सांस्कृतिक स्थलों का प्रभावशाली उल्लेख कर उत्तराखंड की आध्यात्मिक विरासत को राष्ट्रीय मंच पर उजागर किया।
उनका यह संबोधन केवल विकास परियोजनाओं तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसमें उत्तराखंड की संस्कृति, परंपरा और आस्था के प्रति गहरी समझ और सम्मान साफ झलकता रहा,जो उनके “लोकल कनेक्ट” की सबसे बड़ी ताकत बनकर उभरा।
पीएम-सीएम की फिर दिखी मजबूत बांडिंग
जनसभा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के बीच मजबूत तालमेल और आपसी विश्वास एक बार फिर खुलकर सामने आया। कार्यक्रम के दौरान दोनों नेताओं की सहज बातचीत और बॉडी लैंग्वेज ने यह स्पष्ट कर दिया कि केंद्र और राज्य के बीच बेहतर समन्वय किस तरह विकास को गति दे रहा है।
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री मोदी ने मुख्यमंत्री धामी की जमकर सराहना की। उन्होंने धामी को “लोकप्रिय”, “कर्मठ” और “युवा” नेता बताते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में उत्तराखंड तेजी से प्रगति की ओर बढ़ रहा है। प्रधानमंत्री के इन शब्दों ने न सिर्फ मुख्यमंत्री का मनोबल बढ़ाया, बल्कि कार्यकर्ताओं और जनता के बीच भी सकारात्मक संदेश दिया।
कार्यक्रम के दौरान एक दिलचस्प दृश्य तब देखने को मिला जब केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी मंच से जनसभा को संबोधित कर रहे थे। इसी बीच प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री धामी के बीच किसी महत्वपूर्ण विषय पर चर्चा होती नजर आई। इस दौरान प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री की बात को बड़े ध्यान और गंभीरता से सुनते दिखे, जो दोनों के बीच आपसी सम्मान और भरोसे को दर्शाता है। इस तरह की केमिस्ट्री न केवल प्रशासनिक कार्यों में तेजी लाती है, बल्कि राज्य के विकास कार्यों को भी नई दिशा देती है। देहरादून की इस जनसभा में मोदी-धामी की यह बॉन्डिंग एक बार फिर यह संदेश देने में सफल रही कि उत्तराखंड के विकास के लिए केंद्र और राज्य सरकार एकजुट होकर काम कर रही हैं।
