HIMS Jollygrant Organizes Nursing Workshop on Safe Patient Care and Quality Services
- विशेषज्ञों ने बढ़ाया कौशल और प्रशिक्षण पर फोकस, सुरक्षित रोगी देखभाल पर दिया जोर
- कार्यशाला में कुल 45 प्रतिभागियों ने लिया प्रशिक्षण
डोईवाला@Rashtriy Vichar#HIMS। हिमालयन इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (हिम्स), जौलीग्रांट के नर्सिंग विभाग द्वारा सुरक्षित रोगी देखभाल और नर्सिंग सेवाओं की गुणवत्ता को मजबूत करने के उद्देश्य से एक क्षेत्रीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला की थीम ‘हमारी नर्सें, हमारा भविष्य: सशक्त नर्सें जीवन बचाती हैं’ रखी गई।
कार्यशाला में विशेषज्ञों ने नर्सिंग स्टाफ की भूमिका को स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ बताते हुए उन्हें तकनीकी दक्षता, बेहतर संवाद कौशल और निर्णय क्षमता से सशक्त बनाने पर जोर दिया।
चरक सभागार में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि डॉ. आर.एस. सैनी ने कहा कि आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं में नर्सें केवल देखभाल तक सीमित नहीं हैं, बल्कि उपचार प्रक्रिया की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं। उन्होंने कहा कि सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं तभी संभव हैं जब नर्सिंग स्टाफ को निरंतर प्रशिक्षण, तकनीकी ज्ञान और बेहतर कार्य वातावरण मिले।
विशेषज्ञ डॉ. राजेश शर्मा ने रोगी सुरक्षा की बुनियादी अवधारणा को विस्तार से समझाते हुए क्लिनिकल त्रुटियों की रोकथाम और सुरक्षा संस्कृति को मजबूत करने पर जोर दिया। वहीं सीआईएमएस एंड आर की प्राचार्य चेतना गौतम ने ‘प्रभावी संवाद’ विषय पर सत्र लेते हुए बताया कि बेहतर संवाद प्रणाली रोगियों के उपचार परिणाम सुधारने और जोखिम कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। नीता रावत ने ‘क्लिनिकल निर्णय क्षमता’ पर व्याख्यान देते हुए आपात स्थितियों में त्वरित और सही निर्णय लेने की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। इस कार्यशाला में कुल 45 प्रतिभागियों ने प्रशिक्षण प्राप्त किया।
कार्यक्रम में डॉ. डीसी जोशी, डॉ. अभिषेक कंडवाल, डॉ. लवनीश कुमार, नर्सिंग अधीक्षक रीना हाबिल सहित कई चिकित्सक एवं नर्सिंग अधिकारी उपस्थित रहे।
