- नाबालिग बहन की जगह दिलाई परीक्षा, व्हाट्सएप कोचिंग ग्रुप के जरिए रचा गया था पूरा खेल
देहरादून@रा. वि.। हरिद्वार के रानीपुर क्षेत्र में हाईस्कूल बोर्ड परीक्षा के दौरान बड़े फर्जीवाड़े का सनसनीखेज खुलासा हुआ है। 24 फरवरी को राजकीय इंटर कॉलेज, सलेमपुर में आयोजित परीक्षा के दौरान एक छात्रा द्वारा अपनी ही नाबालिग बहन के स्थान पर परीक्षा देने का मामला सामने आया। मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस और शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया।
विद्यालय प्रशासन की शिकायत पर दर्ज मुकदमे में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पहले ही तीन “मुन्ना भाई” और चार “मुन्नी बहनों” को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से फर्जी प्रवेश पत्र बरामद किए थे। जांच को आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने इस पूरे षड्यंत्र के कथित मास्टरमाइंड चंगेज अंसारी निवासी ज्वालापुर को भी धर दबोचा।
पूछताछ में आरोपी ने स्वयं को अल्मोडिया इस्लामिक हाई स्कूल का प्रिंसिपल बताया। पुलिस के अनुसार वह “द सक्सेस पाइंट” नाम से व्हाट्सएप और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर ऑनलाइन कोचिंग ग्रुप संचालित करता था, जिसमें 40 से 50 छात्र जुड़े हुए थे। इसी नेटवर्क के जरिए छात्रों और अभिभावकों से संपर्क साधकर परीक्षा में पास कराने के नाम पर पैसों का लेन-देन किया जाता था।
जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी ने ट्यूशन के नाम पर धनराशि लेकर छात्रा प्राची का फर्जी प्रवेश पत्र तैयार कराया। यह प्रवेश पत्र सावित्री शिक्षा सदन के नाम से बनवाया गया था और असली परीक्षार्थी की जगह प्राची को परीक्षा कक्ष में बैठा दिया गया।
प्रभारी निरीक्षक आशुतोष सिंह राणा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने पूरे घटनाक्रम की परतें खोलते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर दिया है। साथ ही संबंधित शिक्षण संस्थान की भूमिका और फर्जी दस्तावेज तैयार करने वाले नेटवर्क की भी गहन जांच की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बोर्ड परीक्षाओं की शुचिता से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी और इस मामले में शामिल अन्य लोगों की भी तलाश जारी है।
