Loose gravel scattered on Kumarkhera’s main road in Narendra Nagar for 15–20 days is causing two-wheeler accidents and raising safety concerns.
- शिकायत के बाद भी नहीं जागा लोनिवि
- सड़क पर बजरी से बढ़ा हादसों का खतरा
वाचस्पति रयाल@ नरेंद्रनगर। नरेंद्रनगर के कुमारखेड़ा में मुख्य सड़क के किनारे जमा बजरी अब राहगीरों और वाहन चालकों के लिए मुसीबत बन गई है। सड़क पर पिछले 15-20 दिनों से बजरी बिखरी पड़ी है, लेकिन लोक निर्माण विभाग और संबंधित ठेकेदार की ओर से इसे हटाने की जहमत नहीं उठाई गई। हालात यह हैं कि सड़क से गुजरने वाले दोपहिया वाहन चालक आए दिन बजरी पर फिसलकर दुर्घटना का शिकार हो रहे हैं। कई वाहन चालक गिरकर मामूली चोटिल भी हो चुके हैं। इसके बावजूद विभागीय लापरवाही का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है।
स्थानीय लोगों के अनुसार सड़क पर फैली बजरी के कारण दिन में ही दोपहिया वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई बार बाइक सवार फिसलते-फिसलते बचे हैं, जबकि कुछ लोग गिरकर चोटिल भी हुए हैं। रात के समय यह खतरा और अधिक बढ़ जाता है। अंधेरे में सड़क पर बिखरी बजरी दिखाई नहीं देने से वाहन चालकों का संतुलन बिगड़ने और किसी बड़े हादसे की आशंका बनी रहती है।
शिकायत के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई
हैरानी की बात यह है कि इस समस्या को लेकर एक स्थानीय पत्रकार ने करीब एक सप्ताह पहले लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता प्रवीण कर्णवाल को दूरभाष पर शिकायत की थी। इतना ही नहीं, सड़क पर बिखरी बजरी की तस्वीरें भी भेजकर तत्काल हटवाने का अनुरोध किया गया था। इसके बावजूद शिकायत के एक सप्ताह बाद तक स्थिति जस की तस बनी हुई है। शनिवार तक भी सड़क पर बजरी बिखरी पड़ी रही।
स्थानीय नगरवासियों का कहना है कि विभाग और ठेकेदार किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार कर रहे हैं। लोगों ने मांग की है कि सड़क पर फैली बजरी को तत्काल हटवाया जाए, ताकि किसी की जान जोखिम में न पड़े। यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई और कोई बड़ा हादसा हो गया तो इसकी जिम्मेदारी संबंधित विभाग की होगी।
क्या बोले, अधिशासी अभियंता?
इस संबंध में दोबारा अधिशासी अभियंता प्रवीण कर्णवाल से संपर्क किया गया तो उन्होंने बताया कि शिकायत मिलने के बाद ही संबंधित ठेकेदार को मौके पर जाकर स्थिति देखने और सड़क से बजरी तत्काल हटाने के निर्देश दे दिए गए थे। इसके बावजूद अब तक बजरी नहीं हटाया जाना खेदजनक है। उन्होंने इस पर नाराजगी जताते हुए आश्वासन दिया कि सड़क पर बिखरी बजरी को जल्द हटवा दिया जाएगा।
अब सवाल यह है कि जब विभागीय अधिकारी ठेकेदार को निर्देश दे चुके हैं तो आखिर सड़क से बजरी हटाने में इतनी देरी क्यों हो रही है? देखना होगा कि विभाग का आश्वासन कब धरातल पर उतरता है और वाहन चालकों को इस खतरे से कब निजात मिलती है।
