Yakshvati River Revival Drive Marks World Environment Day in Pithoragarh
- नदी पुनर्जीवन अभियान के तहत सफाई के साथ 1000 पौधे लगाने का लक्ष्य
- अभियान में उमड़ा जनसैलाब,पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश
पिथौरागढ़,@Rashtriy Vichar#Environment। जलवायु परिवर्तन, घटते जल स्रोतों और बढ़ते प्रदूषण के बीच विश्व पर्यावरण दिवस 2026 पर पिथौरागढ़ में यक्षवती नदी के संरक्षण और पुनर्जीवन को लेकर एक महत्वपूर्ण पहल की गई। ‘प्रकृति से प्रेरित जलवायु के लिए, हमारे भविष्य के लिए’ थीम के अंतर्गत इको टास्क फोर्स के नेतृत्व में नदी पुनर्जीवन अभियान चलाया गया, जिसमें सैन्य बलों, अर्धसैनिक बलों, विद्यार्थियों और स्थानीय नागरिकों ने उत्साहपूर्वक भागीदारी की।
अभियान के दौरान प्रतिभागियों ने यक्षवती नदी के तटों और जलधारा के आसपास व्यापक सफाई अभियान चलाया। नदी में और उसके किनारों पर जमा पॉलिथीन, प्लास्टिक एवं अन्य अपशिष्ट पदार्थों को हटाकर स्वच्छता का संदेश दिया गया। प्रतिभागियों ने इस बात पर भी चिंता जताई कि जल स्रोतों के आसपास बढ़ता कचरा न केवल नदी की पारिस्थितिकी को प्रभावित कर रहा है, बल्कि भविष्य में जल संकट की स्थिति भी पैदा कर सकता है।
इको टास्क फोर्स के सहायक कमान अधिकारी लेफ्टिनेंट कर्नल बी.एस. दानू ने कहा कि केवल सफाई अभियान चलाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि जल स्रोतों और नदियों के आसपास हरित आवरण बढ़ाना भी उतना ही आवश्यक है। इसी उद्देश्य से अभियान के तहत 1000 पौधे लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। पौधरोपण से मिट्टी संरक्षण, भूजल संवर्धन और जैव विविधता को बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने कहा कि नदियां केवल जल का स्रोत नहीं हैं, बल्कि पूरे पारिस्थितिकी तंत्र की जीवनरेखा हैं। इनके संरक्षण के लिए जनभागीदारी सबसे महत्वपूर्ण है। विश्व पर्यावरण दिवस पर आयोजित यह अभियान पर्यावरण संरक्षण, जल स्रोतों के संवर्धन और आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ एवं सुरक्षित प्राकृतिक संसाधन उपलब्ध कराने की दिशा में एक सार्थक प्रयास माना जा रहा है।
