Historic CharChhum Bridge Still Not Operational After 3 Years, India-Nepal Connectivity Project Stalled
- तीन साल से इंतज़ार में ‘छारछूम पुल’
- 33 करोड़ का अंतरराष्ट्रीय प्रोजेक्ट तैयार, लेकिन रास्ता अब भी बंद
- स्थानीय लोंगों में बढ़ रही नाराजगी
नदीम परवेज@ धारचूला। सीमांत क्षेत्र में भारत-नेपाल को जोड़ने वाला बहुप्रतीक्षित अंतरराष्ट्रीय छारछूम पुल तीन साल बाद भी वाहनों की आवाजाही के लिए शुरू नहीं हो सका है। करीब 32.98 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे इस पुल को दोनों देशों के बीच व्यापार, आवागमन और स्थानीय संपर्क का बड़ा माध्यम माना जा रहा था, लेकिन विभागीय तैयारियों की सुस्ती और प्रशासनिक समन्वय की कमी के चलते परियोजना अब भी अधर में लटकी हुई है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और नेपाल के तत्कालीन उद्योग, वाणिज्य एवं आपूर्ति मंत्री दिलेन्द्र प्रसाद बडू ने संयुक्त रूप से इस पुल का शिलान्यास किया था। नेपाल के राजदूत शंकर प्रसाद शर्मा ने भी निरीक्षण के दौरान भारतीय क्षेत्र में व्यवस्थाएं जल्द पूरी करने की बात कही थी, लेकिन जमीनी हकीकत अब भी अधूरी नजर आ रही है।
PWD अस्कोट डिवीजन की ओर से नेपाल क्षेत्र में कार्य देख रहे एई हेम पांडे और जेई दौलत सिंह के अनुसार पुल पर सड़क की अंतिम कंक्रीट लेयर और पैराफिट का कुछ काम बाकी है। विभाग का दावा है कि यह कार्य पूरा होते ही पुल तकनीकी रूप से तैयार माना जाएगा।
हालांकि दूसरी ओर भारतीय क्षेत्र में अभी तक कस्टम कार्यालय, बैरियर, सुरक्षा चौकियां और प्रशासनिक ढांचे पूरी तरह तैयार नहीं हो पाए हैं। जिला प्रशासन लगातार बैठकों में जल्द संचालन की बात कर रहा है, लेकिन धरातल पर व्यवस्थाएं नदारद हैं।

सीमा सुरक्षा संभाल रही SSB की 11वीं बटालियन ने पुल क्षेत्र को सुरक्षा दायरे में ले लिया है, मगर फिलहाल वहां केवल दो अस्थायी हट बनाए गए हैं। नेपाल की ओर पुलिस कार्यालय और सुरक्षा तैनाती शुरू हो चुकी है, जबकि भारत की तरफ व्यवस्थाएं अभी प्रारंभिक अवस्था में हैं।
स्थानीय लोगों में इसको लेकर भारी नाराजगी है। लोगों का कहना है कि पिछले तीन वर्षों से पुल निर्माण “रेंगते हुए” आगे बढ़ रहा है। बार-बार जल्द पूरा होने के दावे किए जाते हैं, लेकिन पुल तैयार होने के बावजूद संचालन शुरू नहीं हो पा रहा। सीमांत क्षेत्र के लोगों को उम्मीद थी कि पुल खुलने से व्यापार, रोजगार और आवाजाही आसान होगी, लेकिन अब इंतजार लंबा होता जा रहा है।
