Health Minister Subodh Uniyal Conducts Surprise Inspection of Rishikesh Hospital
- मंत्री उनियाल की सख्त चेतावनी: लापरवाही किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं
- मंत्री के औचक निरीक्षण से स्वास्थ्य विभाग दिख रहा हरकत में
- अस्पतालों में सख्ती के साथ सुधार की राह पर स्वास्थ्य व्यवस्था
वाचस्पति रयाल@नरेन्द्रनगर।
प्रदेश में स्वास्थ्य व्यवस्था को पटरी पर लाने की दिशा में स्वास्थ्य मंत्री सुबोध उनियाल लगातार एक्शन मोड में नजर आ रहे हैं। मंत्री पद संभालने के बाद से ही वे प्रदेश के अस्पतालों का लगातार औचक निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं की वास्तविक स्थिति का जायजा ले रहे हैं। उनके इस सक्रिय रुख से जहां स्वास्थ्य महकमे में हलचल तेज हुई है, वहीं प्रदेश में स्वास्थ्य व्यवस्थाओं में सुधार के स्पष्ट संकेत भी मिलने लगे हैं।
इसी क्रम में स्वास्थ्य मंत्री ने ऋषिकेश स्थित शांति प्रपन्न शर्मा राजकीय चिकित्सालय का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल में भर्ती मरीजों से सीधे संवाद कर उनका हालचाल जाना और उपचार से संबंधित व्यवस्थाओं की जानकारी ली। मंत्री ने अस्पताल की साफ-सफाई, दवाओं की उपलब्धता, डॉक्टरों की उपस्थिति और अन्य जरूरी सुविधाओं का बारीकी से निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल प्रशासन को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि परिसर में स्वच्छता व्यवस्था सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए, ताकि मरीजों को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिल सके। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मंत्री ने विशेष रूप से मरीजों को अनावश्यक रूप से रेफर किए जाने के मामलों पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि यदि अस्पताल में सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध होने के बावजूद मरीजों को अन्यत्र भेजा जाता है, तो इसे गंभीर लापरवाही माना जाएगा और संबंधित अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
सुबोध उनियाल ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य हर नागरिक को सुलभ, गुणवत्तापूर्ण और संवेदनशील स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है। इसी उद्देश्य के तहत प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लगातार मजबूत किया जा रहा है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार स्वास्थ्य क्षेत्र में किसी भी तरह की कमी नहीं रहने देगी।
मंत्री के इस सख्त रुख से स्वास्थ्य विभाग में जवाबदेही बढ़ी है और व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने की दिशा में तेजी से काम शुरू हो गया है। माना जा रहा है कि लगातार निरीक्षण और सख्त निर्देशों से प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं में आने वाले समय में बड़ा सुधार देखने को मिल सकता है।
